30sep
गुवाहाटी में शुभमन गिल का महातूफान: भारत ने 406 रनों का रिकॉर्ड लक्ष्य चेस कर रचा इतिहास
गुवाहाटी का बरसापारा स्टेडियम आज एक ऐसे ऐतिहासिक मुकाबले का गवाह बना जिसे सदियों तक याद रखा जाएगा। वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे वनडे मैच में भारतीय टीम ने वनडे क्रिकेट इतिहास का सबसे बड़ा और अविश्वसनीय रन चेस करते हुए कैरेबियाई टीम को 8 विकेट से धूल चटा दी। इस जीत के महानायक रहे कप्तान शुभमन गिल, जिन्होंने बल्ले से ऐसा कोहराम मचाया कि वेस्टइंडीज का 405 रनों का विशाल पहाड़ जैसा स्कोर भी बौना साबित हो गया।
वेस्टइंडीज की ऐतिहासिक बल्लेबाजी: खड़ा किया 405 रनों का पहाड़
टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी वेस्टइंडीज की टीम ने निर्धारित 50 ओवरों में 7 विकेट खोकर 405 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया, जो वनडे में भारत के खिलाफ उनका सबसे बड़ा स्कोर है। कैरेबियाई पारी के दौरान तीन बल्लेबाजों ने शतकीय प्रहार किए। सलामी बल्लेबाज जॉन कैंपबेल ने मात्र 68 गेंदों में 101 रन, शाई होप ने 94 गेंदों में 104 रन और मध्यक्रम में आमिर जांगू ने 77 गेंदों में 114 रनों की तूफानी पारियां खेलीं। भारतीय गेंदबाजों में कुलदीप यादव (2/65) और रवींद्र जडेजा (2/75) ही कुछ हद तक रन गति पर अंकुश लगा पाए।
रोहित और गिल की ओपनिंग पार्टनरशिप: इतिहास की सबसे आक्रामक शुरुआत
406 रनों के एवरेस्ट जैसे लक्ष्य का पीछा करने उतरी टीम इंडिया के इरादे कुछ और ही थे। नियमित कप्तान रोहित शर्मा और शुभमन गिल ने पहले विकेट के लिए 255 रनों की रिकॉर्ड साझेदारी कर मैच को एकतरफा कर दिया। रोहित शर्मा ने कैरेबियाई गेंदबाजों की बखिया उधेड़ते हुए मात्र 75 गेंदों में 10 चौकों और 6 छक्कों की मदद से 101 रनों की शतकीय पारी खेली।
शुभमन गिल का महा-रिकॉर्ड: 223 रनों की नाबाद पारी*
रोहित के आउट होने के बाद भी शुभमन गिल का रुकना तो दूर, उनकी रफ्तार और दोगुनी हो गई। गिल ने वनडे क्रिकेट का अपना सबसे भयावह रूप दिखाते हुए मात्र 117 गेंदों में अपना दोहरा शतक पूरा किया। उन्होंने अपनी नाबाद 223 रनों की ऐतिहासिक पारी में 133 गेंदों का सामना किया, जिसमें 26 चौके और 8 गगनचुंबी छक्के शामिल थे। गिल की इस कप्तानी पारी के सामने वेस्टइंडीज का कोई भी गेंदबाज टिक नहीं सका
विराट कोहली (29) के आउट होने के बाद रुतुराज गायकवाड़ (31*) ने गिल का बखूबी साथ निभाया और भारत को 43.3 ओवरों में ही 406/2 के स्कोर तक पहुंचाकर मैच 8 विकेट से जिता दिया।
सीरीज पर भारत का कब्जा
इस अविश्वसनीय जीत के साथ ही भारत ने 3 मैचों की इस वनडे सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बना ली है। गिल को उनकी इस अद्भुत और रिकॉर्डतोड़ पारी के लिए 'प्लेयर ऑफ द मैच' चुना गया। यह मैच हमेशा इस बात के लिए याद रखा जाएगा कि कैसे आधुनिक क्रिकेट में 400 से बड़ा लक्ष्य भी सुरक्षित नहीं है, बशर्ते आपके पास शुभमन गिल जैसा फॉर्म में चल रहा बल्लेबाज हो।
इस मैच में बने ऐतिहासिक रिकॉर्ड्स (Major Records)
गुवाहाटी वनडे कई मायनों में रिकॉर्ड-तोड़ रहा। मैच के दौरान बने कुछ प्रमुख रिकॉर्ड्स इस प्रकार हैं:
- सबसे बड़ा सफल रन-चेस: भारत ने 406 रन बनाकर वनडे क्रिकेट इतिहास का सबसे बड़ा सफल रन-चेस करने का रिकॉर्ड अपने नाम दर्ज कर लिया।
- कप्तान के रूप में सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर: शुभमन गिल (223*) वनडे क्रिकेट में कप्तान के तौर पर दोहरा शतक लगाने वाले और सबसे बड़ी पारी खेलने वाले खिलाड़ी बन गए हैं।
- एक पारी में 4 शतक: यह वनडे इतिहास के उन चुनिंदा मैचों में से एक बना जहाँ एक ही मैच में 4 शतक (कैंपबेल, होप, जांगू और रोहित) और 1 दोहरा शतक (गिल) देखने को मिला।
मैच का संक्षिप्त स्कोरकार्ड (Scorecard Summary)
वेस्टइंडीज पारी: 405/7 (50 ओवर)
- आमिर जांगू: 114 (77)
- शाई होप: 104 (94)
- जॉन कैंपबेल: 101 (68)
- भारतीय गेंदबाजी: कुलदीप यादव: 2/65, रवींद्र जडेजा: 2/75
भारत पारी: 406/2 (43.3 ओवर)
- शुभमन गिल: 223* (133)
- रोहित शर्मा: 101 (75)
- रुतुराज गायकवाड़: 31* (24)
- वेस्टइंडीज गेंदबाजी: गुडाकेश मोती: 1/82, अल्जारी जोसेफ: 1/88
निष्कर्ष (Conclusion)
गुवाहाटी में खेला गया यह मुकाबला सिर्फ एक मैच नहीं, बल्कि वनडे क्रिकेट के इतिहास का एक नया अध्याय है। वेस्टइंडीज द्वारा 405 रनों का विशाल स्कोर खड़ा करने के बाद ऐसा लग रहा था कि मैच भारत के हाथ से निकल चुका है, लेकिन भारतीय बल्लेबाजों ने यह साबित कर दिया कि आधुनिक क्रिकेट में कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है।
कप्तान शुभमन गिल की नाबाद 223 रनों की जादुई पारी और रोहित शर्मा के आक्रामक शतक ने कैरेबियाई गेंदबाजी आक्रमण को पूरी तरह घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया। इस ऐतिहासिक रन-चेस और 8 विकेट की धमाकेदार जीत के साथ भारत ने न सिर्फ सीरीज पर 2-0 से कब्जा किया, बल्कि दुनिया को अपनी बल्लेबाजी की असली ताकत का अहसास भी करा दिया। वेस्टइंडीज के लिए यह मैच एक बड़ा सबक है कि 400 से अधिक रन बनाने के बाद भी मैच जीतने के लिए कसी हुई गेंदबाजी और सटीक रणनीति की बेहद जरूरत होती है।

No comments:
Post a Comment